अगर आप 2026 में एक ऐसी जगह ढूंढ रहे हैं जो अभी भी असली, हरी-भरी और सांस्कृतिक रूप से समृद्ध (culturally rich) हो, तो छत्तीसगढ़ आपका जवाब है। इसे अक्सर “भारत का चावल का कटोरा” कहा जाता है, और यह जगह अब इको-टूरिज्म और हेरिटेज लवर्स के लिए एक बड़ा हब बन रही है।
यहाँ टॉप 10 जगहें दी गई हैं जिन्हें आपको अपनी 2026 ट्रेवल बकेट लिस्ट में ज़रूर शामिल करना चाहिए:
1. चित्रकोट जलप्रपात (Chitrakote Waterfalls): भारत का नियाग्रा
बस्तर जिले में स्थित, यह भारत का सबसे चौड़ा झरना (waterfall) है। 2026 में भी, यह अपनी 300 मीटर चौड़ी हॉर्स-शू (घोड़े की नाल) शेप के लिए एक टॉप अट्रैक्शन बना हुआ है।
- टॉप टिप: मॉनसून के दौरान (जुलाई-अक्टूबर) जाएँ ताकि इसकी पूरी ताकत देख सकें।
2. कांगेर वैली नेशनल पार्क और कुटुमसर गुफाएं
2026 तक यूनेस्को वर्ल्ड हेरिटेज नॉमिनी, यह पार्क बायोडायवर्सिटी का खजाना है।
- 2026 अपडेट: हाल ही में राज्य सरकार ने दुर्लभ “ग्रीन केव” (Green Cave) को पब्लिक के लिए खोला है।
- ज़रूर देखें: कुटुमसर गुफा, भारत की सबसे लंबी चूना पत्थर की गुफाओं में से एक, जहाँ अंधी मछलियाँ (blind fish) रहती हैं।
3. मैनपाट (Mainpat): छत्तीसगढ़ का “शिमला”
इसे अक्सर “मिनी तिब्बत” कहा जाता है। मैनपाट एक शांत हिल स्टेशन है जो अपने ठंडे मौसम और तिब्बती शरणार्थी बस्तियों के लिए जाना जाता है।
- हाइलाइट: ज़लज़ली जाएँ, वह प्रसिद्ध “बाउंसिंग लैंड” जहाँ कूदने पर ज़मीन ट्रैम्पोलिन की तरह हिलती है।
4. भोरमदेव मंदिर (Bhoramdeo Temple): पूरब का खजुराहो
मैकाल पर्वत श्रृंखला के बीच बसा, यह 11वीं सदी का मंदिर भगवान शिव को समर्पित है।
- आर्किटेक्चर: यह अपनी जटिल नक्काशी (carvings) और नागर-शैली की वास्तुकला (Nagara-style architecture) के लिए जाना जाता है।
5. सिरपुर (Sirpur): एक पुरातात्विक खजाना
महानदी नदी के किनारे बसा सिरपुर एक प्राचीन शहर है, जो लक्ष्मण मंदिर के लिए प्रसिद्ध है, जो भारत का सबसे पुराना ईंटों से बना मंदिर है।
- ऐतिहासिक महत्व: यहाँ बौद्ध मठों और वैदिक अवशेषों की खुदाई आज भी जारी है।
6. बारनवापारा वन्यजीव अभयारण्य
यह एक प्रमुख संरक्षण सफलता की कहानी है। 2026 तक, बारनवापारा ने अपने ब्लैकबक (Blackbuck) की आबादी को सफलतापूर्वक पुनर्जीवित किया है।
- वाइल्डलाइफ: जंगल सफारी के दौरान तेंदुए, स्लॉथ बियर और विभिन्न मृग प्रजातियों को देखें।
7. सतरेंगा (Satrenga): “मिनी गोवा”
कोरबा में हसदेव नदी के जलाशय पर स्थित, सतरेंगा को एक प्रमुख जल क्रीड़ा (water sports) गंतव्य के रूप में विकसित किया गया है।
- एक्टिविटीज: यहाँ बोटिंग और लग्जरी कैंपिंग का आनंद लें।
8. दंतेश्वरी मंदिर, दंतेवाड़ा
भारत के 52 शक्तिपीठों में से एक, यह 14वीं सदी का मंदिर इस क्षेत्र के लिए आध्यात्मिक केंद्र है।
- संस्कृति: बस्तर दशहरा (एक 75-दिवसीय लंबा त्योहार) के दौरान यहाँ जाएँ ताकि अद्वितीय आदिवासी अनुष्ठानों को देख सकें।
9. गंगरेल बांध (Gangrel Dam): इको-टूरिज्म हब
पंडित रविशंकर सागर के नाम से भी जाना जाने वाला यह राज्य का सबसे बड़ा बांध है।
- अनुभव: मानव वन एडवेंचर पार्क परिवारों के लिए रोमांच और प्रकृति की सैर का एक सही मिश्रण प्रदान करता है।
10. जैतखाम, गिरौदपुरी (Jaitkhamb)
77 मीटर (कुतुब मीनार से भी ऊंचा) का एक गगनचुंबी सफेद स्मारक, यह स्थल गुरु घासीदास का जन्मस्थान है।
- प्रतीकवाद: यह सतनामी समुदाय के लिए शांति और आध्यात्मिक विजय का प्रतिनिधित्व करने वाला एक महत्वपूर्ण तीर्थ स्थल है।
अपनी 2026 यात्रा की योजना (Planning Your 2026 Trip):
- घूमने का सबसे अच्छा समय: अक्टूबर से मार्च।
- कैसे पहुँचें: रायपुर (स्वामी विवेकानंद हवाई अड्डा) से।
- स्थानीय व्यंजन: धोकरा कला और चपराह ज़रूर आज़माएँ।



